तम्बाखु एक बुराई
तंबाकू सेवन बहुत बुरी आदत है ,सभी संतों ने तम्बाखु को बहुत बुरी चीज बताया है आइए जानते है तम्बाखु क्या है :- ‘‘तम्बाकू सेवन करना महापाप है’’ संत गरीबदास जी ने भक्त हरलाल जी से कहा कि आप (जो भी दीक्षा लेता है) तम्बाकू का (हुक्का, बीड़ी, सिगरेट, चिलम आदि में डालकर भी) कभी सेवन नहीं करना और अन्य नशीली वस्तुओं का प्रयोग न करना। भक्त ने कहा कि हे महाराज जी! तम्बाकू तो लगभग सब किसान पीते हैं। इसमें क्या हानि है? उत्तर :- संत गरीबदास जी ने बताया कि आपने रामायण तथा महाभारत की कथा तो सुनी होंगी। उसमें हुक्का सेवन का कहीं वर्णन नहीं है। तम्बाकू की उत्पत्ति बताऊँ कैसे हुई है, सुन! ‘‘तम्बाकू की उत्पत्ति कथा’’ एक ऋषि तथा एक राजा साढ़ू थे। एक दिन राजा की रानी ने अपनी बहन ऋषि की पत्नी के पास संदेश भेजा कि पूरा परिवार हमारे घर भोजन के लिए आऐं। मैं आपसे मिलना भी चाहती हूँ, बहुत याद आ रही है। अपनी बहन का संदेश ऋषि की पत्नी ने अपने पति से साझा किया तो ऋषि जी ने कहा कि साढ़ू से दोस्ती अच्छी नहीं होती। तेरी बहन वैभव का जीवन जी रही है। राजा को धन तथा राज्य की शक्ति का अहंकार होत...